MP : मंथन से अमृत ही निकलता है, विष तो शिव पी जाते हैं – CM शिवराज

मध्यप्रदेश में वरिष्ठ विधायक जो शिवराज सिंह चौहान के पिछले कार्यकालों में मंत्री रह चुके हैं, उन्हें मंत्रिमंडल में लेने के दबाव के कारण नए चेहरों के साथ उनका तालमेल गड़बड़ा गया है। अब पार्टी इस बारे में विचार कर रही है कि कैबिनेट में मंत्रियों की संख्या बढ़ा दी जाए।

मध्यप्रदेश में शिवराज कैबिनेट विस्तार पर तस्वीर साफ हो गई है। कैबिनेट का विस्तार गुरुवार को होगा। सीएम शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि आज राज्यपाल शपथ लेंगी और कल कैबिनेट का शपथ ग्रहण होगा।

मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर कई दिन से हो रहे मंथन पर पूछे गए एक सवाल के जवाब में चौहान ने कहा, ‘मंथन से अमृत ही निकलता है। विष तो शिव पी जाते हैं। आज महामहिम राज्यपाल (आनंदीबेन पटेल) शपथ ग्रहण करेंगी। कल मंत्रिमंडल शपथ ले लेगा।

उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल को 28 जून को मध्यप्रदेश के राज्यपाल का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है।

आधिकारिक जानकारी के अनुसार मध्य प्रदेश के उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश अजय कुमार मित्तल एक सादे समारोह में बुधवार शाम साढ़े चार बजे आनंदीबेन को राज्यपाल के पद की शपथ दिलाएंगे।

मध्यप्रदेश के राज्यपाल लालजी टंडन बीमार हैं और लखनऊ में एक निजी अस्पताल में उनका उपचार चल रहा है। उनकी अनुपस्थिति के दौरान आनंदीबेन को मध्यप्रदेश के राज्यपाल के कार्यों का निर्वहन करने के लिए नियुक्त किया गया है।

दिल्ली से लौटने के बाद भी भाजपा में मंत्रिमंडल के नाम तय करने की उलझन बरकरार है।

मध्यप्रदेश में वरिष्ठ विधायक जो शिवराज सिंह चौहान के पिछले कार्यकालों में मंत्री रह चुके हैं, उन्हें मंत्रिमंडल में लेने के दबाव के कारण नए चेहरों के साथ उनका तालमेल गड़बड़ा गया है। अब पार्टी इस बारे में विचार कर रही है कि कैबिनेट में मंत्रियों की संख्या बढ़ा दी जाए।

बता दें कि पार्टी पहले उपचुनाव के मद्देनजर चार से पांच पद रिक्त रखने का विचार कर रही थी, अब यह संख्या एक-दो ही रखने की बात सामने आई है।

हालांकि, इसपर भी अंतिम निर्णय नहीं हुआ। इस बीच दिल्ली में तमाम केंद्रीय नेताओं से मिलकर मुख्यमंत्री चौहान, प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा और प्रदेश संगठन महामंत्री सुहास भगत भोपाल पहुंच गए।

इसके बाद वरिष्ठ विधायक भूपेंद्र सिंह और संजय पाठक पार्टी दफ्तर पहुंचे और शर्मा से उनकी मुलाकात हुई। इसे मंत्रिमंडल विस्तार की कवायद से जोड़कर देखा जा रहा है।

पार्टी सूत्रों का कहना है कि सिंधिया ने अपने समर्थकों को मंत्री बनाए जाने के लिए जितने पद मांगे थे, उसमें से वे एक भी कम करने के पक्ष में नहीं हैं।

इसके अलावा कांग्रेस से भाजपा में आए बिसाहूलाल सिंह, एंदल सिंह कंसाना, हरदीप डंग और रणवीर जाटव को भी पार्टी मंत्री बनाने का भरोसा दे चुकी है।

ऐसा ही निर्दलीय प्रदीप जायसवाल और बसपा के संजीव कुशवाह के साथ भी किया गया है। लिहाजा कैबिनेट का आकार और बढ़ सकता है।

देर शाम को मुख्यमंत्री, प्रदेश अध्यक्ष और संगठन महामंत्री के बीच पार्टी दफ्तर में करीब एक घंटे तक बात हुई है।

उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदी बेन पटेल बुधवार को दोपहर बाद भोपाल आ रही हैं। वे शाम 4.30 बजे मध्यप्रदेश के प्रभारी राज्यपाल की शपथ लेंगी।

सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया के गुरुवार को आने की संभावना है। मंगलवार को दिल्ली में केंद्रीय मंत्री प्रहलाद पटेल ने सिंधिया से मुलाकात की।

भोपाल पहुंचे बीजेपी प्रदेश प्रभारी विनय सहस्त्रबुद्धे ने कहा कि कोई असन्तुष्ट नहीं है, सबको एडजस्ट किया जाएगा। सूची कल सार्वजनिक हो जाएगी। आज बताने की जरूरत नहीं है।

सहस्त्रबुद्धे ने सीएम शिवराज सिंह के विष पीने वाले बयान पर कहा कि ऐसा कुछ नहीं है। कोई कठिनाई नहीं, कोई असंतुष्ट नहीं है। सब ठीक हो जाएगा।