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दो मंत्रियों के क्षेत्र के लोग सड़ा अनाज खाने को मजबूर

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डिंडौरी- मध्य प्रदेश के डिंडोरी जिले का सौभाग्य या बदनसीबी क्या कहे कुछ कहा नहीं जाता। जी हाँ जिले को मिली है दो दो मंत्रियों की सौगात जिसमे से एक है केंद्रीय राज्य स्वास्थ्य मंत्री फग्गन सिह कुलस्ते। जिनके संसदीय क्षेत्र का हाल भी खस्ताहाल है जहाँ लोगो को अस्पताल तक पहुचाने के लिए चार पाई का सहारा लेना पड़ता है। वहीँ प्रदेश के खाद्य एवं नागरिक कपूर्ति मंत्री ओमप्रकाश धुर्वे का ग्रह जिला होने के वावजूद डिंडोरी के सरकारी राशन दुकानों से घटिया और सड़ा हुआ गेहू और चाबल दिया जा रहा है और यहाँ के ग्रामीण इस राशन को लेने को मजबूर है।

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पर हद तो तब हो गई जब गीधा ग्राम की राशन दुकान में लोगो ने सड़ा हुआ चावल व गेहू देखा और ग्रामीणों का सब्र मानो टूट गया ग्रामीणों ने राशन दुकान में पहले तो हंगामा किया और फिर 100 डायल कर पुलिस बुला लिया। पुलिस ने मौके पर पहुच कर लोगो को समझाया और ख़राब व सड़े राशन को वापस कराया राशन दुकान के सेल्स मेन कमलेश द्वारा जानकारी दी गई कि एफसीआई गोदाम से जो राशन आता है वही ग्रमीणों को दिया जाता है।

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वहीँ दूसरी तरफ एफसीआई गोदाम के कर्मचारी राजेंद्र की माने तो राशन देख कर लोड किया जाता है और दो गाड़िया सिवनी से आई है जिनको चेक करके रखा जा रहा है। जिसमे कुछ राशन जिनमे इल्लियां घुन और कीड़े लगे हुए हैं। उन्हें अलग रख रहे हैं।

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मंत्री जी ने पल्ला झाड़ा
जब इस मामले में मंत्री जी से बात की गई तो उन्होंने यह कह कर पल्ला झाड़ लिया घटिया अनाज की शिकायत अभी तक नहीं मिली है। लोगो में जागरूकता की कमी है। लोगो को जागरूक करना पड़ेगा और जो लोग दोषी है उनपर कारवाही की जायेगी।

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आपको बता दें कि जनपद डिंडौरी की ग्राम पंचायत विक्रमपुर की राशन दुकान से कार्डधारियों को नमीयुक्त गेहूं दिया जा रहा है। इसके अलावा इलेक्ट्रॉनिक तराजू के स्थान पर बांट से शक्कर तौलकर ग्रामीणों को थमाई जा रही है। सेल्समैन द्वारा की जा रही इस तरह की लापरवाही रविवार को जिला पंचायत अध्यक्ष ज्योति प्रकाश धुर्वे द्वारा किए गए आकस्मिक निरीक्षण के दौरान सामने आई। उन्होंने विक्रेता महमूद कुरैशी को फटकार लगाने के साथ बारिश में नम हो गए राशन को किराए का कमरा लेकर रखने के निर्देश दिए। लोगों को बांटा जा रहा राशन नमी के चलते बदबू भी मार रहा था। सेल्समैन द्वारा यह समस्या बताकर अपना पल्ला झाड़ने का प्रयास किया गया कि सोसायटी भवन में पानी टपक रहा है। अध्यक्ष ने दूसरा भवन किराए से लेकर खाद्यान्न रखने के सख्त निर्देश भी दिए। बजाग जनपद अंतर्गत ग्राम गीधा में भी गत दिवस घटिया स्तर का खाद्यान्न ग्रामीणों को थमाया जा रहा था, जिसको लेकर लोगों ने विरोध जताते हुए पुलिस तक को बुला लिया था। लगातार मिल रही ऐसी शिकायतों को खाद्य नागरिक आपूर्ति मंत्री ओमप्रकाश धुर्वे ने भी गंभीरता से लेते हुए जिम्मेदारों के विरुद्घ कड़े कदम उठाने के संकेत दिए हैं।

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जर्जर हो गया सोसायटी भवन
विक्रमपुर राशन दुकान भवन काफी जर्जर हो गया है। बारिश में छत से पानी टपकता है और दीवारों में नमी आई गई है, जिससे वहां रखा खाद्यान्न भी भीग गया है। जैसे ही जिला पंचायत अध्यक्ष भवन के अंदर दाखिल हुई उन्हें गेहूं के भीगे हुए बोरों में से बदबू आने लगी। जिस कमरे में खाद्यान्न रखा था वहां पर काफी अंधेरा भी था। उन्होंने बाहर आकर विक्रेता को फटकार लगाई और किराए का कमरा लेकर तत्काल खाद्यान्न वहां रखने के निर्देश दिए। बताया गया कि भवन में लगभग एक माह का खाद्यान्न रखा हुआ।

समय पर और पूरा राशन दिया जाए
जिला पंचायत अध्यक्ष ने सेल्समैन से कहा कि कार्डधारियों को हर माह समय पर और पूरा राशन दिया जाना चाहिए। शिकायत मिलने पर कार्रवाई की जाएगी। दुकान में इलेक्ट्रॉनिक तराजू की बजाए पुराने लोहे के बांट वाले तराजू से शक्कर तौलकर दी जा रही थी। इस पर अध्यक्ष ने कहा कि जब शासन ने इलेक्ट्रॉनिक तराजू से खाद्यान्न तौलकर देने के निर्देश दिए हैं तो आदेश का पालन क्यों नहीं किया जा रहा है। निरीक्षण के दौरान जनपद उपाध्यक्ष सुशील राय, जिला पंचायत सदस्य उषा ठाकुर, सुमंत्रा उइके आदि मौजूद रहे। ग्रामीणों ने इस दौरान अध्यक्ष के समक्ष और भी समस्याएं रखी। खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री ओमप्रकाश धुर्वे ने बताया कि अगर गोदामों में घटिया स्तर का अनाज लाया जा रहा है तो मैं इसको तत्काल दिखवाता हूं। मैदानी अमले से लेकर अधिकारियों तक की जिम्मेदारी अलग-अलग तय है। घटिया स्तर का अगर अनाज बंटता कहीं भी पाया गया तो जिम्मेदारों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उपभोक्ताओं को अगर अनाज की क्वालिटी ठीक नहीं है तो उसे लेना ही नहीं चाहिए और वे सीधे मुझे भी इसकी शिकायत कर सकते हैं। जिम्मेदारों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।

रिपोर्ट- @दीपक नामदेव




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