गुड्स एंड सर्विसेज टैक्स (GST) काउंसिल में घर खरीदने वालों को बड़ा तोहफा मिल सकता है।

दरअसल, रियल एस्टेट पर बनी ग्रुप ऑफ मिनिस्टर्स (GoM) का एक पैनल अंडर कंस्ट्रक्शन रेजिडेंशियल प्रॉपर्टीज पर जीएसटी (GST) दर घटाकर 5 फीसदी किए जाने के पक्ष में है, जो फिलहाल 12 फीसदी है।

इसके अलावा अंडर कंस्ट्रक्शन प्रॉपर्टी पर भी जीएसटी घटाया जा सकता है। वही लॉटरी पर एक समान जीएसटी लगाने पर फैसला हो सकता है।

रियल एस्टेट सेक्टर और घर खरीदारों को राहत देने के लिए बना GOM पहले ही इस संबंध में बैठक कर चुका है। उस बैठक में अलग-अलग पहलुओं पर चर्चा की गई थी। दो दिन तक चली बैठक के बाद GOM ने अपनी सिफारिशें जीएसटी काउंटसिल को सौंप दी थीं।

अफोर्डेबल हाउसिंग को भी मिल सकती है राहत

सरकार अफोर्डेबल हाउसिंग पर भी राहत देने का मन बना रही है। जीओएम भी अफोर्डेबल हाउसिंग पर 3 प्रतिशत जीएसटी लगाने के पक्ष में है। यहां भी 3 फीसदी GST लगने पर इनपुट टैक्स क्रेडिट का फायदा नहीं मिलेगा।

अभी अफोर्डेबल हाउसिंग पर 8 फीसदी जीएसटी लगता है। ऐसे में इसमें 5 फीसदी कटौती होने की उम्मीद है। जीएसटी काउंसिल की बैठक में इन सिफारिशों पर चर्चा होने की उम्मीद है।

लॉटरी पर लग सकता है एक समान GST

दूसरी तरफ मंत्रियों के समूह ने लॉटरी पर एक समान GST लगाने की वकालत की है। लॉटरी पर 18 या 28 फीसदी जीएसटी लगाया जा सकता है। अभी राज्य प्रायोजित लॉटरी पर 12 फीसदी और राज्य की मंजूरी से चलने वाली लॉटरी पर 28 फीसदी जीएसटी है।

महाराष्ट्र के वित्त मंत्री सुधीर मुन्गंतीवार की अध्यक्षता वाले मंत्रियों के समूह ने लॉटरी पर जीएसटी 18 फीसदी से बढ़ाकर 28 फीसदी करने का सुझाव दिया है।

जीएसटी काउंसिल ने गुजरात के उप मुख्यमंत्री नितिन पटेल की अध्यक्षता में रियल एस्सेट सेक्टर के लिए मंत्रियों का समूह बनाया था। इस समूह ने पर घरों पर जीएसटी की रेट बिना इनपुट टैक्स क्रेडिट कम कर 5 फीसदी रखने का पक्ष लिया है। अभी ऐसे तैयार फ्लैट जहां कार्य पूरा होने का प्रमाण पत्र नहीं मिला है उन पर 12 फीसदी जीएसटी वसूला जाता है।