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कामसूत्र: सेक्स आर्ट और पॉजिशन के अलावा कई बातें छिपी है इस किताब में

अगर आपको लगता है कि कामसूत्र मतलब सेक्स है तो आप बिल्‍कुल गलत हैं, इस किताब में सेक्स के अलावा बहुत कुछ विषयों के बारे में भी उल्लेख मिलता है जिसे पढ़कर हमें अंदाजा होता है कि सदियों पहले लोग आधुनिक लोगों की तुलना में सेक्स को लेकर ज्यादा सजग थे।

कामसूत्र सदियों से रतिक्रिया और संभोग के बारे में गाइड करता आ रहा है। यह किताब 400 ईसा पूर्व और 200 ईस्वी के बीच लिखी गई थी। यह किताब संभोग और सेक्स पॉजिशन के अलावा लव लाइफ से जुड़ी दूसरे महत्‍वपूर्ण पहलूओं के बारे में भी बताता है।

भारतीय लेखक और विचारक वात्सायना ने इस पुस्तक के माध्यम से जीवन से जुड़े प्रत्येक पहलू में एक परिपूर्ण जीवन जीने में मदद करने के तरीकों का वर्णन किया है। इसके अलावा इस पुस्तक में सेक्स से जुड़ी समस्‍याओं के समाधान और जानकारियों के बारे में बताया गया है साथ ही इसमें सेक्स से जुड़ी कुछ कला और मानव की मनोवृति के बारे में खुलकर बताया गया है।

कैसे बने ज्यादा अट्रेक्टिव
कामसूत्र में सेक्स टेक्निक के अलावा यह बात भी सीखने को मिलती है कि कैसे शारीरिक और मानसिक आवश्यकताओं को दूसरे तरीकों से पूरा किया जा सकता हैं। कैसे शाम के लिए अच्छा मूड बनाने के साथ ही आप रति क्रीडा के पूरी तरह तैयार है ( शॉवर और शेविंग) और कैसे एक कामुक छूअन से रति क्रीड़ा की शुरुआत कर सकते है। इस सब बारे में कामसूत्र में बताया गया हैं।

बढ़ता है आत्मविश्‍वास
अगर आप मैग्नेटिक पर्सनेलिटी की चाह रखते है और अपना आत्मविश्वास बढ़ाना चाहते है तो इस किताब में आपके लिए काफी सारे टिप्स है जिनकी मदद से आप खुद की पर्सनेलिटी को और चार्मिंग बना सकते हैं।

मनोवैज्ञानिक
इस किताब के बहुत सारी बातें मनोवैज्ञानिक से जुड़ी हुई हैं। जैसे कि क्यों एक नैन नक्श से सुंदर और अमीर पुरुष एक सीधी सादी और गरीब लड़की के प्यार में पड़ जाता है। इसके अलावा इस किताब में बताया गया है कि कैसे अपने प्रजेंस ऑफ माइंड और हाजिर जवाबी की कला से आप अपोजिट सेक्स को अट्रेक्ट कर सकते हैं। और भी बहुत कुछ है इस किताब में जो संभोग व रतिक्रिया को मनोवैज्ञानिक तौर पर समझने में मदद करती हैं।

सेक्स को लेकर अति उत्साहित न हो
ऋषि वास्तियायन ने ब्रह्मचर्य के जीवन जीने का का वचन दिया जैसा कि उन्होंने कामसूत्र में भी लिखा था वह नहीं चाहते थे कि लोग सेक्स के बारे में अति उत्साहित हो। अपने इस परम समाधि के कारण उन्हें महर्षि का सम्मान दिया गया है।

मुक्ति हासिल करना
हिंदू चिंतन पराम्‍परा के अनुसार दो वयस्कों के बीच संतुष्टि के लिए काम या संभोग को जरूरी माना जाता है। दरअसल, कामसूत्र में बताया गया है कि इस तरह प्यार से आध्यमिकता और अंतिम मुक्ति के लिए मार्ग बनाया जा सकता है।

कामसूत्र में रतिक्रिया के चार चरणों को विस्तार में बताया गया है
इस किताब में एक पूरे खंड को संभोग और रतिक्रिया के लिए अलग किया गया है जिसमें संभोग से जुड़े चार चरणों के बारे में पूरी तरह से बताया गया है- तैयारी, फोरप्ले, यौन समागम, और आफ्टरप्ले।

कामसूत्र बताता है कि समय बदल जाता है लवमेकिंग नहीं
वात्सायना और कामशास्त्र पर आधरित कामसूत्र, जो कि 7 वीं सदी ईसा पूर्व लिखा गया था। इस किताब ने एक बात सिद्ध कर दी है कि चाहे समय और तकनीक बदलते रहेंगे लेकिन लोग नहीं बदलेंगे। लोग सदियों से शादी करते आ रहे है संभोग जीवन जीते आ रहें है लोग प्यार करने के इस नियम को कभी नहीं बदलेंगे।

लिंग समानता का प्रचार करता है
कामसूत्र में सभी तरह के लैंगिक और समलैंगिक अधिकारों को एक समान बताया गया है। इस किताब में समलैंगिकता के विषय का प्रचार करते हुए इसे समानता का दर्ज दिया गया है। जिस तरह अपोजिट सेक्स एक दूसरे के प्रति आकर्षित होते हैं, वैसे ही गे और लैस्बियन के समूह को प्यार और संभोग करने के साथ सम्मानजनक जीवन जीने के अधिकार के बारे विस्तृत उल्लेख मिलता हैं।

सही साथी चुनने के लिए करता है गाइड
कामसूत्र आपको गाइड करता है कि आपको किस तरह की जीवन साथी चुनना चाहिए जो आपसे प्यार करें और कैसे आपको अपनी तरफ आकर्षित करें इसके अलावा बहुत कुछ एक बेहतर साथी के गुणों के बारे में उल्लेख मिलता हैं। – Watch Video

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