Home > India News > भारतीय पायलट अभिनंदन की रिहाई के लिए पाकिस्तान रखी ये बड़ी शर्त!

भारतीय पायलट अभिनंदन की रिहाई के लिए पाकिस्तान रखी ये बड़ी शर्त!

नई दिल्ली : भारत पाकिस्तान के बीच बुधवार को हुए घटनाक्रम के बाद तनाव बरकरार है। फिलहाल भारत के लिए सबसे बड़ी चिंता यह है कि, एयरफोर्स के विंग कमांडर अभिनंदन वर्धमान पाकिस्तानी सेना के कब्जें में हैं। भारत मिग के पायलट अभिनंदन की रिहाई की कोशिशें कर रहा है। इसी बीच पाकिस्तान ने अभिनंदन के रिहाई को लेकर भारत सरकार के सामने एक बड़ी शर्त रखी है। पाकिस्तान के विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी का कहना है कि वे अभिनंदन को रिहा करने पर विचार कर सकते हैं, लेकिन इससे पहले दोनों देशों के बीच हालात सामान्य होने चाहिए।

शाह महमूद कुरैशी ने कहा, मैं भारत को और भारत की अवाम को ये पैगाम देना चाहूंगा कि पाकिस्तान एक जिम्मेदार मुल्क है, जिम्मेदार एयरफोर्स है। हम जेनेवा कनवेन्शन से वाकिफ हैं। उनको मैं यकीन दिलाता हूं कि आपके जो पायलट हैं वो पूरी तरह से सुरक्षित हैं। उनकी हर किस्म से हिफाजत की जा रही है। कुरैशी का कहना है कि भारत-पाकिस्तान के बीच हालात सामान्य होने पर ही पायलट की रिहाई को लेकर विचार किया जा सकता है।

महमूद कुरैशी ने आगे कहा, उनको(पायलट अभिनंदन) जो भी सहुलियत चाहिए हम उनको देंगे। हमारा उनके साथ कोई आपसी रंजिश नहीं है। हालात की बेहतरी में पाकिस्तान कोई भी जरूरी कदम उठाने के लिए तैयार है। जब उनसे यह पूछा गया कि क्या आप भारतीय पायलट को तुरंत और सेफ रिटर्न करेंगे तब उन्होंने कहा कि इस पर पाकिस्तान खुले दिल से विचार कर सकता है। वहीं भारत ने कहा कि पाकिस्तान इस बात को सुनिश्चित करें कि वायुसेना के पायलट को हिरासत में किसी तरह का नुकसान न पहुंचाया जाए। भारत उनके सुरक्षित और तुरंत वापसी की आशा करता है।

मालूम हो, बुधवार को पाकिस्तान के विमानों ने भारतीय सीमा में घुसने की कोशिश की, जिन्हें सफलतापूर्वक खदेड़ दिया गया। पाकिस्तान के एफ-16 विमान को पीछा करने वालों में भारत का मिग-21 भी था, जिसे वायुसेना के विंग कमांडर अभिनंदन उड़ा रहे थे। पाक विमान का पीछा करने के चक्कर में अभिनंदन पीओके में चले गए थे। जहां उनका मिग-21 क्रैश हो गया और वे पैराशूट से बाहर निकल आए, जिसके बाद पाक सेना ने उन्हें पकड़ लिया।

भारत ने पाकिस्तान सरकार की तरफ से पायलट अभिनंदन के फोटो और वीडियो जारी करने पर आपत्ति जताई है। विदेश मंत्रालय की तरफ से जारी बयान में यह कहा गया- ‘वीडियो में घायल भारतीय वायुसेना के जवानों को दिखाया जाना अशोभनीय था और यह इंटरनेशनल ह्यूमन लॉ और जेनेवा कन्वेंशन के नियमों के खिलाफ है। भारतीय विदेश मंत्रालय ने कहा कि, यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि उसकी धरती से चलाए जा रहे आतंकवाद के खिलाफ कार्रवाई को लेकर पाकिस्तान के अंतरराष्ट्रीय दायित्व और द्विपक्षीय प्रतिबद्धता की बजाय वह भारत के खिलाफ आक्रामक तेवर दिखा रहा है। यह बलाकोट में जैश-ए-मोहम्मद कै कैम्प पर भारत की तरफ से किए गए हवाई के के बिल्कुल विपरीत है।

Scroll To Top
Copyright @teznews.com. Designed by Lemosys.com