चिन्मयानंद केस: पीड़िता ने बताया जान को खतरा है लॉ स्टूडेंट की अर्जी पर सुनवाई करेगा सुप्रीम कोर्ट

शिकायतकर्ता ला स्टूडेंट ने यूपी में अपनी जान को खतरा बताया है और इस केस को दिल्ली ट्रांसफर करने की मांग की है। जानकारी के मुताबिक, याचिकाकर्ता छात्रा ने अपनी अर्जी में कहा है कि इस केस को यूपी से बाहर दिल्ली ट्रांसफर किया जाए। सुप्रीम कोर्ट ने याचिकाकर्ता की अर्जी पर सुनवाई करने को मंजूरी दे दी है और तब तक छात्रा को सुरक्षा मुहैया कराने का निर्देश दिया है।नई दिल्ली: भाजपा के पूर्व सांसद स्वामी चिन्मयानंद के खिलाफ यौन शोषण का आरोप लगाने वाली शाहजहांपुर की लॉ स्टूडेंट ने सुप्रीम कोर्ट में एक याचिका दायर की है। अपनी याचिका में लॉ स्टूडेंट ने इस केस को उत्तर प्रदेश से दिल्ली ट्रांसफर करने की मांग की है, जिसपर सुनवाई करने को सुप्रीम कोर्ट तैयार हो गया है। इस याचिका पर सुप्रीम कोर्ट में दो मार्च को सुनवाई होगी।

पीटीआई की खबर के मुताबिक, शिकायतकर्ता ला स्टूडेंट ने यूपी में अपनी जान को खतरा बताया है और इस केस को दिल्ली ट्रांसफर करने की मांग की है। जानकारी के मुताबिक, याचिकाकर्ता छात्रा ने अपनी अर्जी में कहा है कि इस केस को यूपी से बाहर दिल्ली ट्रांसफर किया जाए। सुप्रीम कोर्ट ने याचिकाकर्ता की अर्जी पर सुनवाई करने को मंजूरी दे दी है और तब तक छात्रा को सुरक्षा मुहैया कराने का निर्देश दिया है।

पिछले दिनों, यौन शोषण के आरोपी शाहजहांपुर जेल में बंद पूर्व केंद्रीय राज्यमंत्री स्वामी चिन्मयानंद को इलाहाबाद हाईकोर्ट से जमानत मिल गई थी। इस मामले की जांच एसआईटी की टीम कर रही है। चिन्मयानंद के वकील की तरफ से छात्रा और उसके दोस्तों पर पांच करोड़ की रंगदारी मांगने का आरोप लगाते हुए केस दर्ज कराया था।

शाहजहांपुर में स्वामी शुकदेवानंद विधि महाविद्यालय में पढ़ने वाली छात्रा ने 24 अगस्त को एक वीडियो वायरल कर स्वामी चिन्मयानंद पर शारीरिक शोषण और कई लड़कियों की जिंदगी बर्बाद करने के आरोप लगाए थे। वीडियो वायरल होने के बाद छात्रा लापता हो गई थी। बाद में पुलिस ने राजस्थान से उसे उसके एक दोस्त के साथ बरामद किया था। इस मामले में लॉ स्टूडेंट के पिता ने स्वामी चिन्मयानंद के खिलाफ अपहरण और जान से मारने की धमकी का केस दर्ज कराया था।