टुकड़े-टुकड़े मिले अंगो से पुलिस ने खोजा आरोपी

महू : मध्य प्रदेश में महू पुलिस ने गत 2 एवं 3 अक्टूबर को मिले मानव अंगों के मामले में जघन्य हत्या के आरोपियों को पकड़ने में बड़ी सफलता हासिल की है। ज्ञात हो कि 2 अक्टूबर को महू पुलिस को सूचना मिली थी कि महू के पत्ती बाजार क्षेत्र की सुरखी गली की नाली में किसी के कटे हुए पैरोँ का जोड़ा पड़ा हुआ है जिस पर पुलिस ने पहुंच कर उक्त मानव अंगों को नाली से निकलवा कर जांच प्रारम्भ की जांच में उक्त मानव अंग किसी महिला के पैर थे जिन्हें किसी ने काटकर नाली में फेंका था।

पुलिस ने पैरों के मिलने के बाद व्यापक स्तर पर बाकी के अंगों को तलाशना शुरू किया 3 अक्टूबर को महू की खान कालोनी में रेलवे ट्रैक के पास किसी की कटाई हुई गर्दन एवं हाथों के पड़े होने की सूचना के बाद पुलिस ने उक्त मानव अंगों को भी जांच पर लेकर कड़ियाँ जोड़ना प्रारम्भ की शहर के कई स्थानों सहित जहां जहां मानव अंग बरामद हुए थे के आसपास के सी सी टी वी फुटेज चेक किये जिसमें संदेह के आधार पर आरोपी अनूप माहेश्वरी निवासी हम्माल मोहल्ला बाड़ा को पकड़ा एवं कड़ाई से पूछताछ करने पर आरोपी ने साजिद लंगडा निवासी हम्माल मोहल्ला महू के साथ महिला की हत्या करना कबूला।

जांच में आया कि अनूप ही महिला के कटे हुए पैर 1 अक्टूबर की मध्य रात्रि में उसके घर से लेकर निकला था तथा नाली में फेंक आया था। मृतक महिला पूजा उर्फ रुखसाना थी जो कि नशे की आदि थी तथा विगत कुछ वर्षों से महू में ही रह रही थी वो कुछ समय से साजिद लँगड़े के सम्पर्क में थी तथा नशे की लत के चलते साजिद उसका शोषण भी कर रहा था।

आरोपी अनूप माहेश्वरी का उसकी पत्नी से वर्षों पूर्व उसका तलाक हो गया था यूँ वह दिन भर ठेले पर पोस्टर एवं खिलोने बेचने का कार्य करता था किंतु हम्माल मोहल्ले के बाड़े में उसके घर पर रोज रात को महफ़िल जमती थी जहां वो ब्लू फिल्में दिखाता साथ ही ताश पत्ती मोहल्ले के लड़कों को खिलाता तथा बदले में उनसे नाल काटने के नाम पर पैसे वसूलता था। इसके अलावा वह अनैतिक धंधा करने वाली महिलाओं के भी सम्पर्क में था जिन्हें वो बुलवाकर जिस्मफरोशी भी करवाता था।

वहीं साजिद लँगड़ा नशे का आदि था एवं उसके परिवार वालों ने भी उसे घर से अलग कर रखा था। इस अंधे कत्ल का पर्दाफाश करने में पुलिस ने 5 दिन में काफी मशक्कत की एवं सफलता भी प्राप्त की एस एस पी श्रीमती रुचिवर्धन मिश्र के निर्देश पर एवं एस पी (पश्चिम) , अति पुलिस अधीक्षक धर्मराज मीणा के मार्गदर्शन में एस डी ओ पी विनोद शर्मा, थाना प्रभारी योगेंद्र सिंह तोमर सहित पूरी टीम ने दिन रात अथक प्रयास कर इस अंधे कत्ल की गुत्थी को सुलझाया।