Home > Government Schemes > अरुणा के नाम पर एक लाख का पुरस्कार देगी एमपी सरकार

अरुणा के नाम पर एक लाख का पुरस्कार देगी एमपी सरकार

Aruna Shanbhag Award Madhya Pradesh

भोपाल : मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने घोषणा की है कि महिला हिंसा के विरूद्ध बेहतर काम करने वालों को अरुणा  शानबाग के नाम पर मध्यप्रदेश सरकार हर वर्ष एक लाख रुपये का पुरस्कार देगी। प्रदेश में पुलिस की भर्ती में महिलाओं के लिये 33 प्रतिशत का आरक्षण दिया जायेगा। दूसरी शासकीय नौकरियों में भी महिलाओं के लिये 33 प्रतिशत आरक्षण पर विचार किया जायेगा। प्रदेश के हर जिले में हर वर्ष महिलाओं के लिये एक विशेष स्वास्थ्य परीक्षण शिविर लगाया जायेगा। पूरे प्रदेश में बेटी बचाओ अभियान नये कलेवर में फिर से शुरू किया जायेगा। साथ ही स्कूल शिक्षा के पाठ्यक्रम में बेटी बचाओ के संबंध में अध्याय सम्मिलित होगा। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने प्रदेश की नयी महिला नीति 2015 का विमोचन भी किया।

मुख्यमंत्री श्री चौहान आज मुख्यमंत्री निवास पर द्वितीय महिला पंचायत को संबोधित कर रहे थे। समाज के विभिन्न वर्ग से सीधे संवाद के लिए आयोजित पंचायतों के क्रम में महिला पंचायत का आयोजन किया गया। महिला पंचायत में प्रदेश के विभिन्न जिले से आयी महिलाओं ने भाग लिया।

मुख्यमंत्री श्री चौहान ने घोषणा की कि गाँवों और छोटे शहरों से जिला मुख्यालय और संभागीय मुख्यालयों में पढ़ने आने वाली बालिकाओं के आवास की व्यवस्था के लिये राज्य सरकार उन्हें संभागीय मुख्यालय पर 2000 रुपये प्रतिमाह तथा जिला मुख्यालय पर 1,250 रुपये प्रतिमाह की सहायता देने की योजना लागू करेगी। अखिल भारतीय प्रतियोगी परीक्षाओं में शामिल होने वाले बेटियों की कोचिंग की व्यवस्था राज्य सरकार करेगी। हायर सेकेण्डरी की परीक्षा में मेरिट में आने वाली बेटियों की उच्च शिक्षा का खर्च राज्य सरकार वहन करेगी। युवा उद्यमी योजना में उद्योग स्थापित करने के लिये बेटियों के ऋण की गारंटी राज्य सरकार लेगी तथा पाँच वर्ष तक छह प्रतिशत ब्याज अनुदान भी भरेगी। हर वर्ष 50 हजार बेटियों को रोजगारोन्मुखी प्रशिक्षण दिलवाया जायेगा।

मुख्यमंत्री श्री चौहान ने घोषणा की कि प्रदेश के सभी 51 जिला मुख्यालय पर झूलाघर की स्थापना की जायेगी। बेहतर काम करने वाले महिला स्व-सहायता समूहों को प्रोत्साहन राशि दी जायेगी। महिल स्व-सहायता समूहों को शासकीय संस्थाओं में भोजन बनाने के कार्य में प्राथमिकता देने की नीति बनायी जायेगी। प्रोजेक्ट उदिता के तहत महिला स्व-सहायता समूह को सेनेटरी नेपकिन बनाने का प्रशिक्षण दिलवाया जायेगा। भोपाल, इंदौर, ग्वालियर और जबलपुर में कामकाजी महिलाओं के लिये होस्टल बनाये जायेंगे। यदि किसी महिला को आकस्मिक रूप से किसी शहर में रुकना पड़े और वह पुलिस की महिला हेल्पलाइन पर फोन करेगी तो उसके सुरक्षित रुकने की व्यवस्था करने की जिम्मेदारी पुलिस की होगी ।

इस अवसर पर लोक स्वाथ्य यांत्रिकी मंत्री सुश्री कुसुम महदेले, पूर्व मुख्यमंत्री श्री कैलाश जोशी, पूर्व मंत्री श्रीमती रंजना बघेल, मुख्य सचिव श्री अन्टोनी डिसा, पुलिस महानिदेशक श्री सुरेन्द्र सिंह, प्रमुख सचिव श्री जे.एन. कंसोटिया, श्रीमती साधना सिंह चौहान बड़ी संख्या में समाज के विभिन्न क्षेत्र में काम करने वाली महिलाएँ उपस्थित थीं।

Facebook Comments

Our News Network and website neither have any collaboration and connection directly nor indirectly with “India Today Group/ITG” ,TV Today Network, Channel Tez TV media group .