19.8 C
Indore
Wednesday, October 20, 2021

‘हिंदी दिवस’- क्यों एक दिन के सम्मान में सीमित हो गई हमारी राष्ट्र भाषा


हिंदी भाषा को पूर्ण भावात्मक लिपि यानी भाव से परिपुर्ण कहा गया है। दुनिया मे और कोई दूसरी भाषा ऐसी नही जोकि आपकी भावनाओं को दर्शा सकें।

अंग्रेजी भाषा के बढ़ते चलन और हिंदी की अनदेखी को रोकने के लिए 14 सितंबर 1949 को संविधान सभा ने एकमत होकर यह निर्णय लिया की हिंदी ही भारत की राष्ट्र भाषा होगी।

इस महत्वपूर्ण निर्णय के महत्व को प्रतिपादित करके तथा हिंदी को हर क्षेत्र में प्रसारित करने के लिए राष्ट्रभाषा प्रचार समिति वर्धा के अनुरोध पर 1953 से संपूर्ण भारतवर्ष में 14 सितंबर को प्रत्येक बर्ष हिंदी दिवस के रुप में मनाया जाने लगा।

किसी भी राष्ट्र की पहचान उसकी भाषा और उसकी संस्कृति से होती है। आप कही भी जाऐ हर देश की एक अपनी भाषा और अपनी एक अलग संस्कृति है। वही भारत में सबसे ज्यादा बोली जानें वाली हमारी मातृभाषा हिंदी है। जिसको हमारे देश के लगभग ७७% लोग हिंदी लिखते, पढ़ते, बोलते और समझते हैं।

वैसे तो हमारी मातृभाषा हिंदी को दर्जा आजादी के ठीक दो साल बाद १४ सिंतबर1949 को मिला और उस दिन को ही हिन्दी-दिवस के रूप में मनाया जाने लगा।

हालांकि इससे पहले विश्व में हिन्दी प्रचारित- प्रसारित करने के उद्देश्य से विश्व हिन्दी सम्मेलन का आयोजन आरंभ किया गया था। प्रथम विश्व हिन्दी सम्मेलन १० जनवरी, १९७५ को नागपुर में आयोजित हुआ था। अत: १० जनवरी का दिन ही विश्व हिन्दी दिवस के रूप में मनाने का निर्णय लिया गया।

हिंदी भाषा की खास बात यह है कि इसमें जिस शब्द को जिस प्रकार से उच्चारित किया जाता है, उसे लिपि में लिखा भी उसी प्रकार जाता है। 14 सितंबर, 1949 के दिन हिंदी को राजभाषा का दर्जा मिला। देश के 77% लोग हिंदी लिखते, पढ़ते, बोलते और समझते हैं। हिंदी उनके कामकाज का भी हिस्सा है।

हिन्दी दिवस सभी विद्यालयों, महाविद्यालयों, शिक्षण संस्थानों में पूरे विश्वास के साथ मनाया जाता है। उस दिन सभी अध्यापक अपने विद्यर्थियों को हिन्दी दिवस पर हिन्दी भाषा के बारे में भाषण देते हुए हिन्दी दिवस की शुभकामनाएं देते है और विद्यार्थियों को हिन्दी मे भाषण बोलने व लिखने को कहा जाता है और यही सिलसिला प्रत्येक शिक्षण संस्थानों में प्रत्येक बर्ष किया जाता है।

हिन्दी माध्यम के विद्यार्थियों को हिन्दी दिवस यानी 14 सितंबर आने का इंतजार रहता है, लेकिन दिलचस्प बात यह है कि अंग्रेजी माध्यम विद्यालयों के विद्यार्थियों के लिए यह दिन एक पर्व के रूप में नही वल्कि एक दण्ड के रूप में आता है।

अंग्रेजी माध्यम के विद्यर्थियों में हिंदी बोलने व लिखने का ज्ञान हिंदी माध्यम के विद्यार्थियों की अपेक्षा काफी कम होता है।

जिस कारण उन्हें हिन्दी दिवस कुछ खास रास नही आता, और हिन्दी मे भाषण देना तक तो ठीक है लेकिन हिन्दी भाषा मे कुछ लिखवाना उनके लिए दण्ड देने के समान होता है और दिलचस्प है कि ऐसा हर साल होने के बाद भी कुछ भी बदलाव नही होता।

फिर भी कम से कम दिन के लिए ही सही अंग्रेजी माध्यम के विद्यार्थियों को हिन्दी बोलने के लिए प्रेरित तो किया जाता है। इस दिवस को हम सिर्फ़ साल में एक बार ही मानते है हिन्दी भाषा की महत्वत्ता जर्जर होती जा रही है।

हम सब हिंदी दिवस को मनाते है लेकिन यह कभी नही सोचते कि आख़िर क्यो हमे इस दिवस को मनाने की ज़रूरत पड़ी। क्यों हम अपनी ही मातृभाषा को बोलने को बोलने की लिए कोई दिन निश्चित करें, क्यो हमसे हमारी ही भाषा को छीन लिया गया, क्यों आज हमें अपनी भाषा को बोलने में शर्म आती है क्यों ? शायद इसका जबाब किसी के पास नही है

हिंदी दिवस वाले दिन बड़े-बड़े भाषणों में बड़े-बड़े पंडालों में खड़े होकर हिंदी भाषा को संबोधित करते हैं। उसका महत्व बताते हैं फिर क्यों नहीं पूरी साल उसका पालन किया जाता है। क्यों हमारी हिंदी भाषा डरी डरी सहमी सी बन चुकी है।

हम अपनी बात हिंदी में खुलकर कह सकते फिर क्यों हम अंग्रेजी में वार्तालाप करें, क्यों अंग्रेजी माध्यम के अध्यापक हिन्दी माध्यम के विद्यार्थी को हीन भावना से देखते है।

केवल अंग्रेजी ना बोलने पर क्यों हम उसकी तुलना कमजोर विद्यार्थियों में कर क्यो। उनका उपहास किया जाता है और फिर 1 दिन सिर्फ 1 दिन के लिए क्यों हम महान बन जाते हैं।

क्यों हम अपने भाषणों में हिंदी का व्याख्यान करते हैं क्यों हम उसी दिन सिर्फ हिंदी बोलते हैं यह सिर्फ एक औपचारिकता नही तो फिर और क्या है इस औपचारिकता को वास्तविकता में बदलने की जरूरत है।

@संदीप चंद्रा

Related Articles

लखीमपुर में हुई घटना के लिए अजय मिश्रा ने UP पुलिस को ठहराया जिम्मेदार, सपा ने बताया BJP की आदत

लखनऊ : लखीमपुर कांड के लिए अब केंद्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्रा ने यूपी पुलिस को जिम्मेदार ठहरा दिया है। अजय मिश्रा ने...

सूरत में पैकेजिंग कंपनी में लगी भीषण आग, दो मजदूरों की मौत

सूरत: गुजरात के सूरत के कडोडोरा में आज सुबह एक पैकेजिंग कंपनी में भीषण आग लग गई। इस घटना में अब तक दो मजदूरों...

Alert: असम में आतंकी हमले की तैयारी, आईएसआई व अलकायदा मिलकर आर्मी कैंपों को बना सकते हैं निशाना  

नई दिल्लीः उत्तर-पूर्वी राज्य असम में आतंकी हमले का अलर्ट जारी किया गया है। असम पुलिस की ओर से जारी किए गए इस अलर्ट...

छत्तीसगढ़ में हादसा: मूर्ति विसर्जन के लिए जा रहे लोगों को गाड़ी ने कुचला, एक की मौत, 16 घायल

जशपुर : छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले में एक भीषण हादसे की जानकारी सामने आई है। यहां दुर्गा विसर्जन के लिए जा रहे कुछ लोगों...

सात नई रक्षा कंपनियों को पीएम मोदी ने किया राष्ट्र को समर्पित, भारत में बनेंगे पिस्टल से लेकर फाइटर प्लेन

नई दिल्लीः प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को सात नई रक्षा कंपनियों को राष्ट्र को समर्पित किया। उन्होंने कहा कि यह शुभ संकेत हैं...

दशहरे में रामचरित मानस की चौपाई के जरिए राहुल गांधी का मोदी सरकार पर निशाना, इस अंदाज में दी बधाई

नई दिल्लीः देशभर में दशहरा का त्यौहार मनाया जाएगा। इस अवसर पर कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने रामचरित मानस की चौपाई ट्वीट कर एक...

भागवत : ‘जिनकी मंदिरों में आस्था नहीं, उनपर भी खर्च हो रहा मंदिरों का धन’, 

नई दिल्ली: दशहरा के मौके पर संघ प्रमुख मोहन भागवत ने नागपुर स्थित संघ मुख्यालय में लोगों को संबोधित किया। मोहन भागवत ने ने...

वैचारिक भ्रम का शिकार:वरुण गांधी

भारतवर्ष में आपातकाल की घोषणा से पूर्व जब स्वर्गीय संजय गांधी अपनी मां प्रधानमंत्री इंदिरा गाँधी को राजनीति में सहयोग देने के मक़सद से...

जम्मू-कश्मीर: पुंछ में एक बार फिर शुरू हुई सुरक्षाबलों और आतंकियों के बीच मुठभेड़

जम्मू: जम्मू संभाग में पुंछ जिले के मेंढर सब-डिवीजन के भाटादूड़ियां इलाके में सुरक्षाबलों और आतंकियों के बीच एक बार फिर मुठभेड़ शुरू हो...

Stay Connected

5,577FansLike
13,774,980FollowersFollow
122,000SubscribersSubscribe
- Advertisement -

Latest Articles

लखीमपुर में हुई घटना के लिए अजय मिश्रा ने UP पुलिस को ठहराया जिम्मेदार, सपा ने बताया BJP की आदत

लखनऊ : लखीमपुर कांड के लिए अब केंद्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्रा ने यूपी पुलिस को जिम्मेदार ठहरा दिया है। अजय मिश्रा ने...

सूरत में पैकेजिंग कंपनी में लगी भीषण आग, दो मजदूरों की मौत

सूरत: गुजरात के सूरत के कडोडोरा में आज सुबह एक पैकेजिंग कंपनी में भीषण आग लग गई। इस घटना में अब तक दो मजदूरों...

Alert: असम में आतंकी हमले की तैयारी, आईएसआई व अलकायदा मिलकर आर्मी कैंपों को बना सकते हैं निशाना  

नई दिल्लीः उत्तर-पूर्वी राज्य असम में आतंकी हमले का अलर्ट जारी किया गया है। असम पुलिस की ओर से जारी किए गए इस अलर्ट...

छत्तीसगढ़ में हादसा: मूर्ति विसर्जन के लिए जा रहे लोगों को गाड़ी ने कुचला, एक की मौत, 16 घायल

जशपुर : छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले में एक भीषण हादसे की जानकारी सामने आई है। यहां दुर्गा विसर्जन के लिए जा रहे कुछ लोगों...

सात नई रक्षा कंपनियों को पीएम मोदी ने किया राष्ट्र को समर्पित, भारत में बनेंगे पिस्टल से लेकर फाइटर प्लेन

नई दिल्लीः प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को सात नई रक्षा कंपनियों को राष्ट्र को समर्पित किया। उन्होंने कहा कि यह शुभ संकेत हैं...