29.1 C
Indore
Monday, December 5, 2022

जब सिटीजन इंजीनियर, डाक्टर नहीं हो सकता तो फिर सिटीजन जर्नलिस्ट क्यों?

भोपाल : समाचार सामग्री की भाषा के स्तर में आ रही गिरावट को लेकर मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल स्थित माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर के.जी. सुरेश चिंतित हैं। उनका मानना है कि मीडिया जगत में ‘सिटीजन जर्नलिस्ट’ के दाखिले से भाषा में गिरावट आने के साथ विश्वसनीयता ही संकट में पड़ गई है।

उन्होंने सवाल उठाया, “जब सिटीजन इंजीनियर या सिटीजन डाक्टर नहीं हो सकता तो फिर सिटीजन जर्नलिस्ट क्यों? हां, सिटीजन कम्युनिकेटर जरूर हो सकता है।”

इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ मास कम्युनिकेशन के पूर्व महानिदेशक और मीडिया संस्थानों से जुड़े रहे प्रो. सुरेश ने लगभग तीन माह पहले एमसीयू के कुलपति का पदभार संभाला था। उन्होंने क समचार संस्थान से चर्चा करते हुए कहा कि बीते दो दशकों में मीडिया जगत में बड़ा बदलाव आया है। तकनीकी तौर पर समृद्ध हुआ है, वही कंटेंट (सामग्री) और भाषा में गिरावट आई है। तकनीक के चलते आम आदमी बेहतर तरीके से संचार कर पा रहा है, सीधे तौर पर वह अपने नेतृत्व से बात भी कर पा रहा है, अपनी समस्याओं को सामने ला पा रहा है। कुल मिलाकर कहा जाए तो तकनीक से मीडिया का लोकतंत्रीकरण हुआ है।

प्रो. सुरेश ने आगे कहा कि मीडिया का दूसरा पक्ष कंटेंट है। वास्तव में, ऐसे कंटेंट परोसा जाना चिंता का विषय है, क्योंकि फेक कंटेंट बड़े पैमाने पर आ रहे हैं, लोगों तक गलत सूचनाएं पहुंच रही हैं, व्हाट्सएप यूनिवर्सिटी चलाई जा रही है और इसके माध्यम से लोगों को गुमराह किया जा रहा है। गलत सूचनाएं दी जा रही हैं, जिससे समाचार की विश्वसनीयता पर संकट आ गया है।

उन्होंने कहा कि राजनीतिक और वैचारिक हिसाब से खबरें बनाई जाने लगी हैं, समाचार और विचार का बहुत ही घातक मिश्रण सामने आ रहा है। कंटेंट की भाषा और शैली में गिरावट आई है, भाषा का दुरुपयोग हो रहा है, भाषा आक्रामक हो रही है, भाषा में अब संयम नहीं रहता, कानूनों का खुला उल्लंघन हो रहा है, अश्लीलता परोसी जा रही है। इसके अलावा, पेड न्यूज जैसी बातें सामने आ रही हैं, यानी मीडिया का पूरी तरह व्यवसायीकरण हो रहा है।

प्रो. सुरेश ने आगे कहा कि तकनीक ने इनेबलर बनाया है तो कंटेंट ने स्पॉयलर। तकनीक के साथ अगर कंटेंट भी अच्छा होता तो बड़े बदलाव की संभावना रहती। कंटेंट में शुद्धता, स्वच्छता, निष्पक्षता, ईमानदारी, वस्तुनिष्ठ- ये सब चीजें हम नहीं देख पा रहे हैं, यही चिंता का विषय है।

आखिर मीडिया में सुधार कैसे लाया जाए और मीडिया पर नियंत्रण कैसे हो, को लेकर चल रही बहस के संदर्भ में प्रो. सुरेश ने कहा, “नियंत्रण और नियमन दो अलग-अलग चीजें हैं। वर्ष 1975 में नियंत्रण था। वर्तमान समय में नियमन या रेगुलेट करना आवश्यक है, क्योंकि यह देखना होगा कि मीडिया जगत में कौन लोग आ रहे हैं, क्या मीडिया को मीडिया हाउस चला रहे हैं, जिनकी मीडिया के प्रति प्रतिबद्धता है, जिनका लोकतांत्रिक मूल्यों में विश्वास है या फिर वे लोग आ रहे हैं, जिनका विश्वास शुद्ध मुनाफा कमाने में है। इसके लिए कोई स्ट्रक्चर तो बनाना ही होगा, मेरा मानना है कि मीडिया पर रेगुलेशन की जरूरत है।”

अन्य क्षेत्रों में दक्ष और डिग्रीधारी लोगों को ही काम करने की आजादी मिलती है। ऐसी ही व्यवस्था मीडिया जगत में होनी चाहिए। इसकी पैरवी करते हुए प्रो. सुरेश ने कहा कि मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया था जो अब नेशनल कमीशन बन गया है। यह कमीशन डॉक्टर को प्रैक्टिस करने का लाइसेंस देता है, किस अस्पताल को मान्यता मिलनी चाहिए, यह वह तय करता है। इसी तरह बार काउंसिल ऑफ इंडिया है जो अधिवक्ता को प्रैक्टिस करने का लाइसेंस देता है। बार काउंसिल की तय नियमों व शर्तो के आधार पर ही लॉ कॉलेज बनते हैं, वही मीडिया जगत में कोई कुछ भी कर सकता है, इसलिए जरूरी है कि पत्रकारिता जगत में प्रेस काउंसिल की जगह मीडिया काउंसिल ऑफ इंडिया बने, जिसमें सभी माध्यमों मीडिया प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक को शामिल किया जाए।

उन्होंने कहा, “यह स्वायत्त संस्था हो, जिसकी निष्पक्षता और स्वतंत्रता या स्वायत्तता सुनिश्चित की जाए। वह तय करें, पत्रकार कौन है, क्योंकि आज कोई भी अपने को पत्रकार कह देता है। मुझे बड़ी आपत्ति है सिटीजन जर्नलिस्ट पर, कोई भी अपने को कह देता है। सिटीजन जर्नलिस्ट, आपने सिटीजन इंजीनियर सुना है? सिटीजन डॉक्टर सुना है? सिटीजन चार्टर्ड अकाउंटेंट सुना है? जब वहां ऐसा नहीं हो सकता तो यहां क्यों?”

उन्होंने आगे कहा कि इन स्थितियों में फिर पत्रकारिता विश्वविद्यालयों की क्या जरूरत है, इन्हें बंद कर देना चाहिए। देशभर में पत्रकारिता विभाग किसलिए हैं, उन्हें भी बंद कर देना चाहिए। क्या जरूरत है, जब कोई भी बन सकता है पत्रकार।

प्रो. सुरेश ने कहा, “वास्तव में पत्रकार के लिए ट्रेनिंग की जरूरत है। आज हाल यह है कि जिसे भी थोड़ा लिखना आता है, वह पत्रकार बन जाता है और कुछ भी अनाप-शनाप लिख देता है। ऐसे लोग सिटीजन जर्नलिस्ट नहीं, बल्कि सिटीजन कम्युनिकेटर बन सकते हैं। पत्रकारिता प्रोफेशन है, इसलिए परिभाषित किया जाना चाहिए कि पत्रकारिता क्या है और पत्रकार कौन है, इसलिए जरूरी है कि पत्रकार के लिए डिग्री या डिप्लोमा अनिवार्य किया जाए।”

Related Articles

हिजाब विवाद में झुकी ईरान सरकार, दशकों पुराने कानून में होगा बदलाव

Iran Hijab Row: ईरान के अटॉर्नी जनरल मोहम्मद जफर मोंटाजेरी के हवाले से बताया कि सरकार ने हिजाब की अनिवार्यता से जुड़े दशकों पुराने...

इंडोनेशिया का सबसे ऊंचा ज्वालामुखी माउंट सेमेरु फटा, लावा की नदियां बहीं

इंडोनेशिया का सबसे ऊंचा ज्वालामुखी माउंट सेमेरु फटा, लावा की नदियां बहीं Indonesia Mount Semeru: माउंट सेमेरू जकार्ता से 800 किमी दूर दक्षिणपूर्व स्थित जावा...

SS Rajamouli: RRR के लिए राजामौली को मिला बेस्ट डायरेक्टर का अवाॅर्ड

SS Rajamouli: RRR के लिए राजामौली को मिला बेस्ट डायरेक्टर का अवाॅर्ड  ऑस्कर की दौड़ में शामिल हुई फिल्मफिल्म निर्देशक एसएस राजामौली ने न्यूयॉर्क फिल्म...

Anushka Sharma: चार साल बाद ‘कला’ फिल्म में दिखीं अनुष्का शर्मा

Anushka Sharma: चार साल बाद 'कला' फिल्म में दिखीं अनुष्का शर्मा  कला फिल्म में बॉलीवुड एक्ट्रेस अनुष्का शर्मा को देख फैंस हैरान रह गए हैं।...

IND vs BAN: लिटन दास ने लपका खतरनाक कैच, विराट कोहली भी हो गए हैरान

IND vs BAN: लिटन दास ने लपका खतरनाक कैच, विराट कोहली भी हो गए हैरान IND vs BAN: इस कैच को देखकर विराट कोहली की...

भारत ने जीता हुआ मैच गंवाया, राहुल का कैच छोड़ना पड़ा भारी, बांग्लादेश 1 विकेट से जीता

भारत ने जीता हुआ मैच गंवाया, राहुल का कैच छोड़ना पड़ा भारी, बांग्लादेश 1 विकेट से जीता IND VS BAN 1st ODI: बांग्लादेश ने तीन...

PPF Investment: इस सरकारी स्कीम में करें SIP की तरह निवेश, मैच्योरिटी पर पाएं 41 लाख

PPF Investment: इस सरकारी स्कीम में करें SIP की तरह निवेश, मैच्योरिटी पर पाएं 41 लाख PPF Investment: इस स्कीम में एक वित्तीय साल में...

Aadhaar Card Update: आधार कार्ड में घर बैठे ऑनलाइन बदल सकेंगे जन्मतिथि

Aadhaar Card Update: आधार कार्ड में घर बैठे ऑनलाइन बदल सकेंगे जन्मतिथि Date of Birth Update in Aadhaar: आधार कार्ड में गलत जानकारी भविष्य में...

दूसरे चरण की वोटिंग सोमवार को, PM मोदी अहमदाबाद में डालेंगे वोट

Gujarat 2nd Phase Polling: गुजरात में विधानसभा की कुल 182 सीटे हैं, जिनमें से 93 पर दूसरे चरण में सोमवार को मतदान होगा। पहले...

Stay Connected

5,577FansLike
13,774,980FollowersFollow
130,000SubscribersSubscribe
- Advertisement -

Latest Articles

हिजाब विवाद में झुकी ईरान सरकार, दशकों पुराने कानून में होगा बदलाव

Iran Hijab Row: ईरान के अटॉर्नी जनरल मोहम्मद जफर मोंटाजेरी के हवाले से बताया कि सरकार ने हिजाब की अनिवार्यता से जुड़े दशकों पुराने...

इंडोनेशिया का सबसे ऊंचा ज्वालामुखी माउंट सेमेरु फटा, लावा की नदियां बहीं

इंडोनेशिया का सबसे ऊंचा ज्वालामुखी माउंट सेमेरु फटा, लावा की नदियां बहीं Indonesia Mount Semeru: माउंट सेमेरू जकार्ता से 800 किमी दूर दक्षिणपूर्व स्थित जावा...

SS Rajamouli: RRR के लिए राजामौली को मिला बेस्ट डायरेक्टर का अवाॅर्ड

SS Rajamouli: RRR के लिए राजामौली को मिला बेस्ट डायरेक्टर का अवाॅर्ड  ऑस्कर की दौड़ में शामिल हुई फिल्मफिल्म निर्देशक एसएस राजामौली ने न्यूयॉर्क फिल्म...

Anushka Sharma: चार साल बाद ‘कला’ फिल्म में दिखीं अनुष्का शर्मा

Anushka Sharma: चार साल बाद 'कला' फिल्म में दिखीं अनुष्का शर्मा  कला फिल्म में बॉलीवुड एक्ट्रेस अनुष्का शर्मा को देख फैंस हैरान रह गए हैं।...

IND vs BAN: लिटन दास ने लपका खतरनाक कैच, विराट कोहली भी हो गए हैरान

IND vs BAN: लिटन दास ने लपका खतरनाक कैच, विराट कोहली भी हो गए हैरान IND vs BAN: इस कैच को देखकर विराट कोहली की...